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EV पॉलिसी 2.0 को लेकर दिल्ली में उत्साह, सरकार को मिले 700 सुझाव, जून में हो सकती है लागू
May 12, 2026 Source: Civic Sutra
दिल्ली सरकार की नई EV पॉलिसी 2.0 को लोगों, उद्योग जगत और विभिन्न संस्थानों से जोरदार समर्थन मिला है। परिवहन विभाग द्वारा जारी ड्राफ्ट पॉलिसी पर एक महीने के भीतर करीब 700 सुझाव प्राप्त हुए हैं। सरकार ने सुझाव भेजने की अंतिम तारीख 10 मई 2026 तय की थी और इस दौरान ऑनलाइन व ऑफलाइन दोनों माध्यमों से लोगों की राय मांगी गई। साथ ही कई स्टेकहोल्डर्स के साथ विशेष कंसल्टेशन मीटिंग्स भी आयोजित की गईं, ताकि पॉलिसी को ज्यादा व्यावहारिक और प्रभावी बनाया जा सके।
मिली जानकारी के अनुसार, सरकार को लगभग 400 सुझाव आम नागरिकों की ओर से मिले हैं। इनमें वाहन मालिक, छात्र, आरडब्ल्यूए प्रतिनिधि, डिलिवरी राइडर्स और गिग वर्कर्स शामिल रहे। वहीं करीब 200 सुझाव ईवी उद्योग से जुड़े लोगों और कंपनियों द्वारा दिए गए। इनमें चार्जिंग स्टेशन ऑपरेटर्स, बैटरी स्वैपिंग कंपनियां, बिजली आपूर्ति कंपनियां और फ्लीट एग्रीगेटर्स शामिल हैं। इसके अलावा एनजीओ, रिसर्च संस्थानों, यूनिवर्सिटीज और पर्यावरण संगठनों से भी 50 से अधिक सुझाव प्राप्त हुए हैं।
सुझावों में सबसे बड़ा मुद्दा इलेक्ट्रिक वाहनों की बैटरी की बढ़ती लागत को लेकर सामने आया। लोगों ने चिंता जताई कि कुछ वर्षों बाद बैटरी बदलने का खर्च काफी अधिक हो सकता है, इसलिए सरकार को इसके लिए किसी राहत योजना या आर्थिक सहायता पर विचार करना चाहिए। इसके अलावा बैटरी रीसाइक्लिंग, पर्याप्त चार्जिंग इंफ्रास्ट्रक्चर और सार्वजनिक स्थानों पर चार्जिंग पॉइंट बढ़ाने की मांग भी प्रमुख रूप से उठाई गई। कई शैक्षणिक संस्थानों ने स्कूल बसों को इलेक्ट्रिक में बदलने की समय सीमा बढ़ाने की मांग की है, ताकि उन्हें नई व्यवस्था अपनाने के लिए पर्याप्त समय मिल सके।
दिल्ली के परिवहन मंत्री डॉ. पंकज कुमार सिंह ने कहा कि इतनी बड़ी संख्या में मिले सुझाव यह साबित करते हैं कि दिल्ली अब इलेक्ट्रिक मोबिलिटी की दिशा में तेजी से आगे बढ़ने के लिए तैयार है। उन्होंने बताया कि सरकार को कई उपयोगी और व्यवहारिक सुझाव मिले हैं, जिन पर गंभीरता से विचार किया जा रहा है। जो सुझाव जनता और व्यवस्था दोनों के लिए लाभकारी साबित होंगे, उन्हें अंतिम EV पॉलिसी 2.0 में शामिल किया जाएगा।
सूत्रों के अनुसार, यदि सभी प्रक्रियाएं तय योजना के मुताबिक आगे बढ़ती हैं तो दिल्ली EV पॉलिसी 2.0 को जून 2026 तक लागू किया जा सकता है। सरकार का उद्देश्य दिल्ली को क्लीन मोबिलिटी और ग्रीन ट्रांसपोर्ट का ग्लोबल मॉडल बनाना है।