Saturday, July 11, 2026
English edition Join Group Now

Politics

कर्नाटक में क्रॉस-वोटिंग से BJP परेशान, हाईकमान ने तीन नेताओं को बुलाया...

June 19, 2026 Source: Civic Sutra

Join Now
कर्नाटक में क्रॉस-वोटिंग से BJP परेशान, हाईकमान ने तीन नेताओं को बुलाया...
यह खबर कर्नाटक विधान परिषद (MLC) चुनाव में हुई क्रॉस-वोटिंग के बाद बीजेपी के भीतर मचे राजनीतिक घमासान से जुड़ी है। चुनाव परिणाम आने के बाद पार्टी नेतृत्व हरकत में आ गया है और पूरे मामले को गंभीरता से लेते हुए जांच शुरू कर दी गई है। कर्नाटक विधान परिषद (MLC) चुनाव में हुई क्रॉस-वोटिंग ने भारतीय जनता पार्टी (BJP) के भीतर हलचल बढ़ा दी है। चुनाव नतीजों के बाद पार्टी नेतृत्व ने इसे गंभीर मामला मानते हुए प्रदेश के शीर्ष नेताओं से जवाब मांगा है। जानकारी के अनुसार, भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन ने मामले की समीक्षा के लिए प्रदेश नेतृत्व को दिल्ली तलब किया है। समाचार एजेंसी पीटीआई के मुताबिक, कर्नाटक भाजपा अध्यक्ष बी.वाई. विजयेंद्र, विधानसभा में विपक्ष के नेता आर. अशोक और राज्य प्रभारी राधामोहन दास अग्रवाल को 23 जून को दिल्ली बुलाया गया है। इस बैठक में क्रॉस-वोटिंग के कारणों, जिम्मेदार विधायकों और संभावित अनुशासनात्मक कार्रवाई पर चर्चा की जाएगी। गुरुवार को सात विधान परिषद सीटों के लिए हुए चुनाव में सत्तारूढ़ कांग्रेस ने शानदार प्रदर्शन करते हुए पांच सीटों पर जीत दर्ज की, जबकि भाजपा को केवल दो सीटें मिलीं। उसकी सहयोगी जनता दल (सेक्युलर) [जेडी(एस)] एक भी सीट नहीं जीत सकी। कांग्रेस उम्मीदवार थिप्पन्नप्पा कमकनूर, पी.वी. मोहन, बी.के. हरिप्रसाद, बी.एस. शिवन्ना और विनय कार्तिक प्रकाश विजयी रहे। भाजपा के लिंगराज पाटिल और रघु आर ने जीत हासिल की, जबकि जेडी(एस) उम्मीदवार गोविंदराजू को हार का सामना करना पड़ा। चुनाव नतीजों ने भाजपा-जेडी(एस) गठबंधन के भीतर मौजूद असंतोष को भी उजागर कर दिया। सूत्रों के मुताबिक, कांग्रेस को 151 वोट मिले, जबकि उसके पास लगभग 140 वोट होने की उम्मीद थी। इससे संकेत मिलता है कि विपक्षी खेमे के कुछ विधायकों ने कांग्रेस के पक्ष में मतदान किया। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार भाजपा के तीन और जेडी(एस) के आठ विधायकों पर क्रॉस-वोटिंग का संदेह है। इसके अलावा भाजपा के एक विधायक का वोट अमान्य घोषित किया गया। विपक्ष के नेता आर. अशोक ने माना कि कुछ विधायकों ने पार्टी लाइन से हटकर मतदान किया है और कहा कि पार्टी के साथ विश्वासघात करने वालों की पहचान कर उनके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। वहीं प्रदेश अध्यक्ष बी.वाई. विजयेंद्र ने कहा कि पूरे मामले की जांच की जा रही है और सभी तथ्यों के सामने आने के बाद उचित फैसला लिया जाएगा।