Friday, August 28, 2026
English edition Join Group Now

India

IGI एयरपोर्ट बनेगा वैश्विक हब, टर्मिनलों के बीच शुरू होगी ऑटोमेटेड एयर ट्रेन...

June 9, 2026 Source: Civic Sutra

Join Now
IGI एयरपोर्ट बनेगा वैश्विक हब, टर्मिनलों के बीच शुरू होगी ऑटोमेटेड एयर ट्रेन...
दिल्ली के इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे (IGI Airport) को वैश्विक ट्रांजिट हब के रूप में विकसित करने की दिशा में बड़ा कदम उठाया जा रहा है। इसके तहत टर्मिनलों के बीच यात्रियों की तेज और आसान आवाजाही के लिए ऑटोमेटेड एयर ट्रेन (Automated People Mover) शुरू करने की योजना है। यह परियोजना यात्रियों को टर्मिनल-1, टर्मिनल-2 और टर्मिनल-3 के बीच बिना किसी परेशानी के कम समय में पहुंचने की सुविधा देगी, जिससे ट्रांजिट अनुभव काफी बेहतर होगा। दिल्ली इंटरनेशनल एयरपोर्ट लिमिटेड (DIAL) के अनुसार, वर्तमान में एयरपोर्ट पर हर साल 7.9 करोड़ से अधिक यात्री यात्रा करते हैं और यह संख्या लगातार बढ़ रही है। भविष्य में इसे 11 करोड़ यात्रियों तक पहुंचाने का लक्ष्य रखा गया है। इसी बढ़ती मांग को देखते हुए एयरपोर्ट पर बुनियादी ढांचे का विस्तार किया जा रहा है। इस ऑटोमेटेड एयर ट्रेन परियोजना की अनुमानित लागत लगभग 4000 करोड़ रुपये है और इसे अगले 30 महीनों में पूरा करने की योजना है। करीब 7.7 किलोमीटर लंबी इस रेल प्रणाली में लगभग 5.7 किलोमीटर हिस्सा एलिवेटेड होगा, जबकि बाकी हिस्सा जमीन पर बनाया जाएगा। यह प्रणाली टर्मिनल-1, टर्मिनल-3, टर्मिनल-2, एरोसिटी और कार्गो सिटी को आपस में जोड़ेगी। इस परियोजना में इस्तेमाल होने वाली तकनीक और ट्रेनें विदेशों से लाई जा सकती हैं, जबकि निर्माण कार्य भारतीय कंपनियों द्वारा किया जाएगा। इसके अलावा कार्गो संचालन को आसान बनाने के लिए स्काईवॉक बनाने का भी प्रस्ताव है। सुरक्षा और दक्षता बढ़ाने के लिए एयरपोर्ट पर AI आधारित Xovis सिस्टम भी लागू किया गया है, जो यात्रियों की भीड़ और कतारों की रियल टाइम निगरानी करता है। इससे प्रबंधन को संसाधन बेहतर तरीके से लगाने में मदद मिलती है। ट्रांजिट यात्रियों के लिए यह एयर ट्रेन सेवा मुफ्त होगी, जबकि अन्य यात्रियों को निर्धारित शुल्क देना होगा। यह पूरी योजना दिल्ली एयरपोर्ट को एक आधुनिक, तेज और वैश्विक स्तर का ट्रांजिट हब बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है।